नमस्कार दोस्तों आप सभी को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनायें| आजादी के पर्व के इस पावन मौके पर मानसिक गुलामी से आजादी के विषय में कुछ विचार आप सभी के समक्ष रखने जा रहा हूँ| आशा है आप समय देकर पढ़ेंगे| प्रस्तावना - 15 अगस्त 1947 यह तिथि सभी को अच्छे से याद है क्योंकि इस दिन लगभग 800 वर्षों की गुलामी झेल रहे भारत को पूर्ण रूप से आजादी मिली थी| उस दिन से आज तक हम प्रतिवर्ष यह उत्सव के रूप में मनाते हैं और वीर अमर शहीदों को नमन करते हैं| इन सबके बीच भारत ने एक लम्बा सफर तय किया, जिसमें हमने बहुत सारे क्षेत्रों में तरक्की हांसिल की मगर कुछ बातों में हम पहले से भी ज्यादा पिछड़ गए| वह हैं भाईचारा, रिश्ते नाते निभाना या फिर इंसानियत के मायने हों, इन सब में हम कहीं पीछे खड़े हैं| खैर आज इस विषय पर चर्चा नहीं होगी| आज हम चर्चा करेंगे वर्तमान समय में आजादी के मायनों की और किस तरह की आजादी से हम दूर हो चुके हैं| Pic Credit ...